बैठे बैठे भीग जाती है पलकें दर्द छुपाना नहीं आता
दिल कहता है कि तुझे भूल जाऊं, पर दिमाग कहता है कि वो कभी तेरा था ही नहीं।
अब यही लगता है कि हम खुद को ही खो बैठे हैं…!!!
कितना प्यारा था वो वक्त, अब बस एक सिला पड़ा है।
तेरा नाम तक अब जुबां पर नहीं लाते, पर तेरा ख्याल दिल से जाता ही नहीं।
जिंदगी भी अब हो गई है बेमकसद और नाराज़।
पर क्या हम कभी वही प्यार दोबारा पा पाए क्या।
वो कहता था कभी छोड़कर नहीं जाऊंगा, आज उसी से दूर जाने की वजह पूछ रहा हूँ।
रातों को जागकर तेरी यादों में खोते रहे,
क्या सच में Sad Shayari तुमसे बिछड़कर जीने का कोई तरीका है?
कुछ रिश्ते खामोशी से ज्यादा आवाज़ रखते हैं,
वरना वक्त की धूल में बिखरकर खो जाते हैं।
क्योंकि दिल के जख्म, अब किसी को दिखाए नहीं जाते।
तू कितना भी दूर चला जाए, दिल से दूर नहीं होगा, तेरी जगह कोई और ले, ये मंजूर नहीं होगा।